हस्ताक्षर असली या नकली जांच हो?, सीएम नीतीश कुमार ने दिया इस्तीफा?, राबड़ी देवी के मुंह बोले भाई सुनील कुमार ने इस्तीफे पर उठाए सवाल

By एस पी सिन्हा | Updated: March 31, 2026 17:22 IST2026-03-31T17:20:37+5:302026-03-31T17:22:05+5:30

सभापति ने नीतीश कुमार का इस्तीफा मंजूर किया और बिहार विधान परिषद की तरफ से नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया।

bihar news signature genuine or fake investigation CM Nitish Kumar resigned MLC post Rabri Devi's adopted brother Sunil Kumar raised questions | हस्ताक्षर असली या नकली जांच हो?, सीएम नीतीश कुमार ने दिया इस्तीफा?, राबड़ी देवी के मुंह बोले भाई सुनील कुमार ने इस्तीफे पर उठाए सवाल

photo-lokmat

Highlightsअब मुख्यमंत्री के इस्तीफे पर सवाल उठ रहे हैं। नीतीश कुमार के हस्ताक्षर को लेकर सवाल उठाए हैं।छोटे पद का भी इस्तीफा अधोहस्ताक्षरी के सामने देना होता है।

पटनाः बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के द्वारा बिहार विधान परिषद की सदस्यता से इस्तीफा दिए जाने के बाद अब उनके हस्ताक्षर को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। राजद के विधान पार्षद और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के मुंह बोले भाई सुनील कुमार ने इस्तीफे पर सवाल उठाते हुए उनके हस्ताक्षर की जांच की मांग की है। दरअसल, संवैधानिक प्रक्रिया के तहत मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोमवार को बिहार विधान परिषद की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। यह कदम उन्होंने राज्यसभा सदस्य के रूप में निर्वाचित होने के बाद उठाया है। संविधान के नियमों के अनुसार, कोई भी व्यक्ति एक साथ संसद और राज्य विधानमंडल का सदस्य नहीं रह सकता, इसी कारण उन्हें यह इस्तीफा देना आवश्यक था। सोमवार को नीतीश कुमार का इस्तीफा मंत्री विजय चौधरी ने विधान परिषद पहुंचकर सभापति अवधेश नारायण सिंह को औपचारिक रूप से सौंपा था। जिसके बाद सभापति ने नीतीश कुमार का इस्तीफा मंजूर किया और बाद में बिहार विधान परिषद की तरफ से इसका नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया।

अब मुख्यमंत्री के इस्तीफे पर सवाल उठ रहे हैं। अब सुनील कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के हस्ताक्षर को लेकर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा है कि इस्तीफा पत्र पर मुख्यमंत्री के हस्ताक्षर असली हैं या नकली इसकी जांच होनी चाहिए। उन्होंने अपने फेसबुक पर एक पोस्ट साझा करते हुए लिखा कि “छोटे पद का भी इस्तीफा अधोहस्ताक्षरी के सामने देना होता है।

अतः जांच होनी चाहिए कि इस्तीफा पत्र पर हस्ताक्षर असली है या नकली!” इससे पहले नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के इस्तीफे पर सवाल उठाते हुए कहा था कि नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के फैसले के पीछे भाजपा की बड़ी साजिश है। तेजस्वी यादव ने कहा था कि दूसरे सदन में अगर कोई भी चुना जाता है तो एक सदन से इस्तीफा देना पड़ता है।

इसी प्रक्रिया के तहत नीतीश कुमार ने विधान परिषद से इस्तीफा दिया है, लेकिन जैसा दिख रहा है वैसा है नहीं। सच बात यह है कि बिना उनकी मर्जी से दबाव में यह निर्णय लिया गया है। ऐसे में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद विपक्ष की ओर से दावा किया जा रहा है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से जबर्दस्ती इस्तीफा लिया गया है।

दावा किया जा रहा है कि उनके हस्ताक्षर पहले की तुलना में अलग दिख रहे हैं। इस बार उन्होंने अपना नाम पूरी तरह हिंदी (देवनागरी) में “नीतीश कुमार” के रूप में लिखा है, जो पहले की शैली से अलग बताया जा रहा है। जानकारों के मुताबिक, पहले उनके हस्ताक्षर में हिंदी और उर्दू (फारसी) का मिश्रण होता था।

वे अपने नाम का पहला हिस्सा हिंदी में और सरनेम उर्दू शैली में लिखते थे। रिपोर्ट्स के अनुसार, 2025 से उनके हस्ताक्षर के तरीके में बदलाव देखा जा रहा है। दिसंबर 2025 में संपत्ति घोषणा और राज्यसभा नामांकन के दौरान भी उन्होंने केवल हिंदी में साइन किया था।

इससे पहले वे ज्यादातर दस्तावेजों में हिंदी-उर्दू मिश्रित हस्ताक्षर करते थे। सूत्रों के मुताबिक बढ़ती उम्र के कारण हस्ताक्षर में बदलाव संभव है। हालांकि, विपक्ष इस मुद्दे को लेकर जांच की मांग कर रहा है, जिससे आने वाले दिनों में इस पर राजनीतिक विवाद और बढ़ सकता है।

Web Title: bihar news signature genuine or fake investigation CM Nitish Kumar resigned MLC post Rabri Devi's adopted brother Sunil Kumar raised questions

भारत से जुड़ीहिंदी खबरोंऔर देश दुनिया खबरोंके लिए यहाँ क्लिक करे.यूट्यूब चैनल यहाँ इब करें और देखें हमारा एक्सक्लूसिव वीडियो कंटेंट. सोशल से जुड़ने के लिए हमारा Facebook Pageलाइक करे