लाइव न्यूज़ :

badlapur Sexual Case: “आपराधिक न्याय प्रणाली का मजाक”, बंबई उच्च न्यायालय ने कहा- बदलापुर में हत्या की कोशिश और डकैती केस में पुलिस जांच पर सवाल

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: September 2, 2024 18:46 IST

badlapur Sexual Case: पीठ ने कहा कि यह एक और मामला है जिसमें हत्या के प्रयास के अपराध की जांच “अत्यंत उदासीन और सुस्त तरीके से” की गई।

Open in App
ठळक मुद्देहत्या की कोशिश और डकैती के मामले को रद्द करने की मांग की गई थी।अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 13 सितंबर को तय की है। आपराधिक न्याय प्रणाली का मजाक उड़ाना है।

badlapur Sexual Case: बंबई उच्च न्यायालय ने ठाणे जिले के बदलापुर में हत्या की कोशिश और डकैती के मामले में पुलिस जांच पर आश्चर्य व्यक्त करते हुए कहा कि यह “आपराधिक न्याय प्रणाली का मजाक” है। न्यायमूर्ति ए एस गडकरी और न्यायमूर्ति नीला गोखले की खंडपीठ ने 23 अगस्त के अपने आदेश में कहा कि हत्या की कोशिश और डकैती के अपराध गंभीर प्रकृति के हैं और ये पूरे समाज के खिलाफ अपराध हैं, इसलिए इनकी उचित जांच की जानी चाहिए। अदालत दो व्यक्तियों की ओर से दायर याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें एक शख्स और उसकी मां पर तलवार और लोहे की छड़ से कथित रूप से हमला करने के आरोप में उनके खिलाफ दर्ज हत्या की कोशिश और डकैती के मामले को रद्द करने की मांग की गई थी।

पुलिस ने अदालत को बताया कि आरोपियों ने उन्हें एक पत्र दिया था जिसमें दावा किया गया था कि वे मामले में समझौता चाहते हैं, इसलिए मामले की जांच सीमित की गई। अदालत ने इस पर आश्चर्य व्यक्त करते हुए कहा कि यह हत्या के प्रयास और डकैती का अपराध है। उच्च न्यायालय ने कहा, “प्रथम दृष्टया ऐसा प्रतीत होता है कि आरोपी व्यक्तियों के विरुद्ध कथित अपराध गंभीर प्रकृति का है।

कानून की यह स्थापित स्थिति है कि (भारतीय दंड संहिता की) धारा 307 (हत्या का प्रयास) और 397 (डकैती) के अंतर्गत जुर्म समग्र समाज के विरुद्ध अपराध होता है, इसलिए जांच अधिकारी को पक्षों की ओर से समझौते का कथित इरादा व्यक्त करने के बावजूद जांच पूरी करनी चाहिए थी।”

पीठ ने कहा कि यह एक और मामला है जिसमें हत्या के प्रयास के अपराध की जांच “अत्यंत उदासीन और सुस्त तरीके से” की गई। उच्च न्यायालय ने कहा, “हमारे अनुसार, वर्तमान अपराध के जांच अधिकारी द्वारा यह आपराधिक न्याय प्रणाली का मजाक उड़ाना है।” अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 13 सितंबर को तय की है।

टॅग्स :बॉम्बे हाई कोर्टमहाराष्ट्र
Open in App

संबंधित खबरें

भारतLadki Bahin Yojana Row: महाराष्ट्र में 71 लाख महिलाएं अयोग्य घोषित, विपक्ष ने किया दावा, सरकार की जवाबदेही पर उठाए सवाल

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

क्राइम अलर्टफोन, पेनड्राइव और टैबलेट में 121 अश्लील वीडियो?, रवींद्र गणपत एरंडे ने सरकारी नौकरी का वादा कर अलग-अलग होटल में कई महिलाओं का यौन शोषण किया

क्राइम अलर्टखुले कुएं में गिरी कार, परिवार के 9 सदस्यों की गई जान, समारोह में शामिल होने के बाद घर लौट रहे थे, वीडियो

भारतराष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टीः उत्तरार्द्ध में उत्तराधिकार के लिए संघर्ष

भारत अधिक खबरें

भारतयूपी बोर्ड ने 2026-27 के लिए कक्षा 9 से 12 तक NCERT और अधिकृत पुस्तकें अनिवार्य कीं

भारतपाकिस्तान के रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ के कोलकाता पर हमले की धमकी वाले बयान पर सोशल मीडिया पर 'धुरंधर' अंदाज़ में आई प्रतिक्रिया

भारतबिहार में CM नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को सीएम बनाने की मांग को लेकर महिलाओं ने शुरू किया सत्याग्रह

भारतयूपी में स्थापना दिवस के जरिए लोगों के घर-घर पहुंचेगी भाजपा, लोगों को PM मोदी और योगी सरकार की उपलब्धियां बताएँगे पार्टी पदाधिकारी

भारतWATCH: बिहार के सारण जिले में जदयू के प्रखंड अध्यक्ष का एक लड़की के साथ अश्लील वीडियो वायरल, दोनों आपत्तिजनक अवस्था में थे खेत में एक लड़की नेता के पीछे भाग रही है