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सीमा विवादः असम की नाकाबंदी का दिखने लगा असर, मिजोरम में जरूरी सामान की होने लगी कमी, पेट्रोल-डीजल की तय की गई लिमिट

By अभिषेक पारीक | Updated: August 1, 2021 16:47 IST

असम और मिजोरम के मध्य सीमा विवाद को लेकर रविवार को भी तनाव व्याप्त रहा। इसके कारण आवश्यक वस्तुओं की ढुलाई करने वाले ट्रकों सहित अन्य वाहनों की आवाजाही पर रविवार को लगातार छठे दिन प्रतिबंध जारी रहा।

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ठळक मुद्देअसम और मिजोरम के मध्य सीमा विवाद को लेकर रविवार को भी दोनों पक्षों के बीच तनाव व्याप्त रहा। इसके कारण आवश्यक वस्तुओं की ढुलाई वाले ट्रकों सहित अन्य वाहनों के आने-जाने पर प्रतिबंध जारी रहा।मिजोरम के मुख्य सचिव ने स्वीकारा किया है कि राज्य में जरूरी सामान की कमी होने लगी है। 

असम और मिजोरम के मध्य सीमा विवाद को लेकर रविवार को भी तनाव व्याप्त रहा। इसके कारण आवश्यक वस्तुओं की ढुलाई करने वाले ट्रकों सहित अन्य वाहनों की आवाजाही पर रविवार को लगातार छठे दिन प्रतिबंध जारी रहा। जिसके बाद से मिजोरम में जरूरी सामान की किल्लत होने लगी है। असम के कई इलाकों में मिजोरम जाने वाले रास्तों को रोक दिया गया है। 

बताया जा रहा है कि असम से आवाजाही पर लगे प्रतिबंधों के कारण मिजोरम के लोगों की परेशानी बढ़ने लगी है। पेट्रोल पंपों पर राशनिंग शुरू कर दी गई है। किसे कितना पेट्रोल दिया जाना है, इसे लेकर सीमा निर्धारित की गई है। यहां तक की अब पेट्रोल और डीजल डलवाने के लिए डिप्टी कमिश्नर से भी अनुमति लेनी होगी। 

मिजोरम में फिलहाल दोपहिया वाहनों को रोजाना तीन लीटर पेट्रोल या डीजल दिया जा रहा है। मिजोरम के मुख्य सचिव ने स्वीकारा है कि राज्य में जरूरी सामान की कमी होने लगी है। इस मामले में मिजोरम के मुख्यमंत्री जोरामथंगा ने केद्र सरकार को जानकारी दी है और इस मामले में जल्द ही दखल देने के लिए कहा है। उन्होंने कहा है कि असम ने मिजोरम के खिलाफ नाकेबंदी कर दी है। 

आवाजाही बंद, लेकिन यात्रा पर रोक नहीं

असम की बराक घाटी में अधिकारियों ने कहा कि वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से बंद है, जबकि एक राज्य से दूसरे राज्य की यात्रा में कोई रोक नहीं है। कोविड-19 प्रबंधन से जुड़ी सामग्री सहित आवश्यक आपूर्ति के साथ दर्जनों ट्रक कछार जिले में काबुगंज-ढोलाई के बीच खड़े हैं। एक अधिकारी ने कहा कि मिजोरम की ओर जाने वाले मार्गों की संगठित नाकेबंदी हटा दी गई है और कोई भी समूह अब सड़कों पर ट्रकों या अन्य वाहनों को रोकने के लिए मौजूद नहीं है, लेकिन नाराज नागरिक वाहनों को रोक रहे हैं।

बराक घाटी में 164 किमी लंबी सीमा

उन्होंने कहा कि मिजोरम की ओर से भी वाहन असम में प्रवेश नहीं कर रहे हैं और सिर्फ आधिकारिक तथा सुरक्षा वाहन ही सड़कों पर परिचालित हो रहे हैं। विवादित सीमावर्ती क्षेत्र में सोमवार को दोनों राज्यों के पुलिस बलों के बीच हुई भीषण गोलीबारी के बाद बराक घाटी में कई समूहों ने नाकेबंदी कर दी, जिसका पड़ोसी राज्य ने कड़ा विरोध किया। हिंसा में छह पुलिसकर्मी सहित असम के सात लोग मारे गये और 50 से अधिक घायल हो गये। असम की बराक घाटी के कछार, करीमगंज और हाइलाकांडी जिले मिजोरम के तीन जिलों आइजोल, कोलासिब और मामित के साथ 164.6 किमी लंबी सीमा साझा करते हैं। 

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