Asansol Lok Sabha Seat By-election: टीएमसी के शत्रुघ्न के सामने बीजेपी के अग्निमित्रा, कांग्रेस ने प्रसेनजीत को उम्मीदवार बनाया, 12 को मतदान, जानें सबकुछ
By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: March 23, 2022 14:11 IST2022-03-23T14:09:54+5:302022-03-23T14:11:51+5:30
Asansol Lok Sabha Seat By-election: भाजपा के टिकट पर निर्वाचित हुए बाबुल सुप्रियो के इस्तीफे से रिक्त हुई है। सुप्रियो ने पिछले साल तृणमूल में शामिल होने के बाद इस्तीफा दे दिया था।

दोनों सीटों पर उपचुनाव 12 अप्रैल को होगा तथा मतों की गिनती 16 अप्रैल को की जाएगी।
Asansol Lok Sabha Seat By-election: अभिनेता से नेता बने शत्रुघ्न सिन्हा को तृणमूल कांग्रेस ने पश्चिम बंगाल में आसनसोल लोकसभा उपचुनाव से उम्मीदवार घोषित किया है। भाजपा ने सिन्हा के खिलाफ विधायक अग्निमित्रा पाल को उतारा है।
कांग्रेस ने प्रसेनजीत पुइतुंड्य को पार्टी उम्मीदवार घोषित किया। यह सीट भाजपा के टिकट पर निर्वाचित हुए बाबुल सुप्रियो के इस्तीफे से रिक्त हुई है। सुप्रियो ने पिछले साल तृणमूल में शामिल होने के बाद इस्तीफा दे दिया था।
कांग्रेस की ओर से जारी बयान में कहा गया, “सोनिया गांधी ने आसनसोल लोकसभा सीट पर उपचुनाव के लिए प्रसेनजीत पुइतुंड्य की उम्मीदवारी की घोषणा की है। इसके अलावा बालीगंज विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए कमरुज्जमान चौधरी को प्रत्याशी बनाया गया है।”
तृणमूल ने बाबुल सुप्रियो को बालीगंज सीट से उम्मीदवार बनाया है। विधायक व राज्य सरकार में मंत्री सुब्रत मुखर्जी के नवंबर 2021 में निधन से बालीगंज विधानसभा सीट पर उपचुनाव कराए जा रहे हैं। दोनों सीटों पर उपचुनाव 12 अप्रैल को होगा तथा मतों की गिनती 16 अप्रैल को की जाएगी।
कोलकाता की बालीगंज विधानसभा सीट पर उपचुनाव में भाजपा ने पार्टी की महिला मोर्चे की नेता केया घोष को उम्मीदवार बनाया है। सिन्हा, अटल बिहारी वाजपेयी नीत पूर्ववर्ती राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार में मंत्री थे और उन्होंने बाद में भाजपा छोड़कर कांग्रेस के टिकट पर 2019 में पटना साहिब से लोकसभा चुनाव लड़ा था। इस चुनाव में वह रवि शंकर प्रसाद से हार गए थे।
भारतीय जनता पार्टी की उम्मीदवार अग्निमित्रा पॉल का दावा है कि उन्हें इस सीट पर तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार शत्रुघ्न सिन्हा के मुकाबले ''घोरेर मेये'' (माटी की बेटी) होने का लाभ मिलेगा। पॉल ने अपने प्रतिद्वंद्वी सिन्हा को ''बाहरी बिहारी बाबू'' करार दिया। फैशन डिजाइनर से राजनेता बनीं अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि अचानक से आसनसोल लोकसभा चुनाव के लिए उम्मीदवार बनाये जाने पर वह अचरज में पड़ गईं। हालांकि, उन्होंने जोर दे कर कहा कि वह उपचुनाव के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
आसनसोल से संबंध रखने वाली 49 वर्षीय भाजपा विधायक पॉल ने कहा, '' यह काफी अप्रत्याशित था। उपुचनाव लड़ने को लेकर मेरी कोई योजना नहीं थी क्योंकि मैं अपने विधानसभा क्षेत्र के विकास कार्यों में व्यस्त थी। हालांकि, मेरी पार्टी ने मेरे लिए बड़ी योजना बनायी हुई थी। मैं बेहद आभारी हूं कि पार्टी ने मुझे इस भूमिका के लिए चुना।''
उन्होंने कहा, ''मुझे लगता है कि आसनसोल की जनता ऐसा जनप्रतिनिधि चाहती है, जिसकी जड़ें यहां से जुड़ी हों।'' भाजपा नेता ने दावा किया कि यह औद्योगिक नगर ऐसे ''बाहरी उम्मीदवार का साथ नहीं देगा जो कि बमुश्किल ही इस जगह को जानता हो।'' उन्होंने दावा किया कि आसनसोल ''घोरेर मेये'' को चाहता है। संभवत: पॉल का इशारा 2021 के विधानसभा चुनाव के दौरान तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी के उन बयानों की तरफ था, जिनमें बनर्जी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को बाहरी करार देते हुए घेरा था।
पॉल ने कहा कि आसनसोल दक्षिण सीट की जनता ''बिहारी बाबू'' को नहीं चाहती। उन्होंने कहा कि सिन्हा के कम समय में एक दल को छोड़कर दूसरे दल में जाने के कारण लोगों के मन में उनकी विश्वसनीयता को लेकर सवाल उठा है। पॉल ने कहा, ''मुझे नहीं लगता कि शत्रुघ्न सिन्हा कोई चुनौती पेश कर पाएंगे। मैं उनकी फिल्मों के लिए उनका सम्मान करती हूं लेकिन राजनीति में उन्होंने ऐसा कुछ खास नहीं किया, जिसकी चर्चा की जा सके।''