लाइव न्यूज़ :

विटामिन बी6 सेवन करते हैं तो हो जाएं अलर्ट, शरीर में कई अंग पर हो सकते खराब?, टीजीए रिपोर्ट में दावा, 4.5 प्रतिशत नमूनों में मिले संकेत

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: July 4, 2025 13:04 IST

एबीसी की एक रिपोर्ट में बताया गया कि टीजीए के एक प्रवक्ता के मुताबिक, विटामिन बी6 के दुष्प्रभावों की गंभीरता का अब तक शायद कमतर ही आकलन किया गया था।

Open in App
ठळक मुद्देविटामिन बी6 की उच्च मात्रा वाले सप्लीमेंट की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने के प्रस्ताव पर विचार किया जा रहा है। 4.5 प्रतिशत नमूनों में ऐसे संकेत मिले जो तंत्रिकाओं को नुकसान की संभावना की ओर इशारा करते हैं।मस्तिष्क में न्यूरोट्रांस्मीटर के उत्पादन, प्रतिरक्षा प्रणाली के समर्थन और हीमोग्लोबिन उत्पादन में भी सहायक होता है।

सिडनीः ऑस्ट्रेलिया के औषधि नियामक ने दावा किया है कि विटामिन बी6 की अत्यधिक मात्रा तंत्रिकाओं को क्षति पहुंचाने सहित ऐसे कई घातक दुष्प्रभाव उत्पन्न कर सकती है जो हमारी सोच से कहीं अधिक होंगे। ऑस्ट्रेलिया की दवा नियामक संस्था ‘थेरेप्यूटिक गुड्स एडमिनिस्ट्रेशन’ (टीजीए) ने यह दावा किया है। इस सप्ताह के शुरू में एबीसी की एक रिपोर्ट में बताया गया कि टीजीए के एक प्रवक्ता के मुताबिक, विटामिन बी6 के दुष्प्रभावों की गंभीरता का अब तक शायद कमतर ही आकलन किया गया था।

बहरहाल, सुरक्षा संबंधी चिंताओं के मद्देनजर, विटामिन बी6 की उच्च मात्रा वाले सप्लीमेंट की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने के प्रस्ताव पर विचार किया जा रहा है। देशभर में लोगों के रक्त के नमूनों में विटामिन बी6 की जांच करने वाले एक पैथोलॉजिस्ट ने बताया कि मई में की गई जांच में लगभग 4.5 प्रतिशत नमूनों में ऐसे संकेत मिले जो तंत्रिकाओं को नुकसान की संभावना की ओर इशारा करते हैं।

*** विटामिन बी6 क्या है?

विटामिन बी6 को पायरीडॉक्सीन भी कहा जाता है। यह शरीर में प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट और वसा के चयापचय में अहम भूमिका निभाता है। यह मस्तिष्क में न्यूरोट्रांस्मीटर के उत्पादन, प्रतिरक्षा प्रणाली के समर्थन और हीमोग्लोबिन उत्पादन में भी सहायक होता है।

मस्तिष्क के कामकाज और व्यक्ति के मिजाज के नियमन में न्यूरोट्रांस्मीटर की अहम भूमिका होती है। सामान्य आहार – जैसे मांस, अनाज, फल और सब्ज़ियों – से पर्याप्त मात्रा में विटामिन बी6 प्राप्त होता है। कुछ महिलाएं गर्भावस्था या मासिक धर्म की समस्या के दौरान विटामिन बी6 सप्लीमेंट लेती हैं।

*** खुराक और जोखिम अधिकतर वयस्कों के लिए विटामिन बी6 की 1.3 से 1.7 मिलीग्राम दैनिक खुराक पर्याप्त मानी जाती है। वर्तमान में विटामिन बी6 के 5–200 मिलीग्राम तक की खुराक वाले सप्लीमेंट बिना डॉक्टर की पर्ची के बेचे जा सकते हैं लेकिन 200 मिलीग्राम से अधिक खुराक के लिए चिकित्सक की सलाह आवश्यक है।

*** विटामिन बी6 की अधिक मात्रा लेने पर क्या होता है?

लंबे समय तक अधिक मात्रा में विटामिन बी6 लेने से ‘पेरिफेरल न्यूरोपैथी’ का खतरा बढ़ सकता है, जिसमें हाथ-पैरों में झनझनाहट, दर्द या कमजोरी महसूस होती है। अधिकतर मामलों में सप्लीमेंट बंद करने पर लक्षण धीरे-धीरे समाप्त हो जाते हैं, लेकिन कुछ मामलों में स्थिति में सुधार होने में तीन महीने से दो वर्ष तक का समय लग सकता है। टीजीए के अनुसार, 2023 से अब तक विटामिन बी6 से संबंधित ‘न्यूरोपैथी’ के 174 मामले दर्ज किए गए हैं।

*** विटामिन बी6 की अधिकता से होने वाली समस्याओं के कौन से लक्षणों पर ध्यान दें?

1 - हाथ-पैरों का सुन्न होना या दर्द होना

2 - संतुलन या तालमेल की समस्या

3 - पेट में जलन या मतली विशेषज्ञों की सलाह है कि जो लोग विटामिन बी6 की प्रतिदिन 50 मिलीग्राम या उससे अधिक खुराक छह महीने से अधिक समय तक ले रहे हैं, उन्हें चिकित्सकीय निगरानी में रहना चाहिए।

टॅग्स :Health and Family Welfare DepartmentAustralia
Open in App

संबंधित खबरें

स्वास्थ्यऑटिज्म : समझ और स्वीकार्यता की जरूरत

स्वास्थ्यफोर्टिफाइड चावल : पोषण या स्वास्थ्य पर संकट ?

स्वास्थ्यचीनी का सेवन कम कीजिए और खाना बनाते समय तेल का प्रयोग 10 प्रतिशत तक घटाएं?, प्रधानमंत्री मोदी बोले-छोटे प्रयास करिए और मोटापे को दूर भगाएं?

स्वास्थ्यसाल 2024 में 34539 लोगों की मौत हार्ट अटैक?, दिल्ली पुलिस और iLive Connect में करार, हृदय बीमारी पर वार

स्वास्थ्यहम जिन्हें मानते हैं असभ्य या सभ्य, हकीकत कहीं उलट तो नहीं!

स्वास्थ्य अधिक खबरें

स्वास्थ्यसन फार्मा ने लॉन्च किया ‘हार्ट के लिए 8- मेकिंग इंडिया हार्ट स्ट्रॉन्ग’ कैंपेन, दिल के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए भारतीयों से रोजाना में अच्छी आदतें अपनाने का आग्रह

स्वास्थ्यरात में सिर्फ़ 11 मिनट ज़्यादा सोने से हार्ट अटैक का खतरा हो सकता है कम

स्वास्थ्य1 अप्रैल से महंगी होंगी दवाइयां; पेनकिलर और एंटीबायोटिक के लिए देने होंगे इतने रुपये, जानें कितनी ढीली होगी जेब

स्वास्थ्यWorld TB Day: टीबीमुक्त भारत की ओर बढ़ते कदम

स्वास्थ्यक्या है बैक्टीरियल मेनिन्जाइटिस?,  गंभीर और जानलेवा बीमारी?, रिसर्च में खुलासा, हर 6 में से 1 की मौत