सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता मौत मामला: एमजेड विज़टाउन प्लानर्स के सीईओ अभय सिंह अरेस्ट, सीईओ लोकेश एम को हटाया
By सतीश कुमार सिंह | Updated: January 20, 2026 17:02 IST2026-01-20T15:48:24+5:302026-01-20T17:02:00+5:30
मेरठ जोन के अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) भानु भास्कर के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम ने मामले की जांच शुरू की है।

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नोएडाः उत्तर प्रदेश के नोएडा में एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत के मामले में जांच तेज हो गई है। पुलिस आयुक्त की टीम ने इंजीनियर युवराज की मौत के मामले में एमजेड विज़टाउन प्लानर्स के सीईओ अभय सिंह को गिरफ्तार किया है। नोएडा के सेक्टर-150 में सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत के मामले में पुलिस ने एक रियल एस्टेट डेवलपर को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
निर्माण स्थल पर पानी से भरे गड्ढे में कार डूबने से सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत हो गई थी। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (ग्रेटर नोएडा) हेमंत उपाध्याय ने बताया "इस मामले में आरोपी एमजेड विजटाउन प्लानर्स के एक अधिकारी अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है।"
सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता (27) की शनिवार रात उस समय मौत हो गई जब घने कोहरे में उनकी कार फिसलकर एक नाले के पास निर्माणाधीन वाणिज्यिक परिसर के लिए खोदे गए गड्ढे में गिर गई। पुलिस ने पीड़ित के पिता राजकुमार मेहता की शिकायत पर दो रियल एस्टेट डेवलपर्स एमजेड विजटाउन प्लानर्स और लोटस ग्रीन्स के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।
जिसमें उन्होंने स्थानीय अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया है और जवाबदेही की मांग की। विजटाउन प्लानर्स के अधिकारी कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है, लेकिन मंगलवार दोपहर तक पुलिस की ओर से दूसरी कंपनी के खिलाफ कार्रवाई के संबंध में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है।
उत्तर प्रदेश के नोएडा में एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत के मामले की जांच के लिए गठित की गयी तीन सदस्यीय विशेष जांच टीम ने मंगलवार से अपनी जांच शुरू कर दी। मेरठ जोन के अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) भानु भास्कर के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम ने मामले की जांच शुरू की है।
#WATCH | Noida techie death case | Greater Noida | Abhay Singh, CEO of MZ Wiztown Planners, arrested in the engineer Yuvraj's death case by the Police Commissioner's team.
— ANI (@ANI) January 20, 2026
(Noida Police) pic.twitter.com/YOK0R2U53R
एडीजी भानु भास्कर, मेरठ के मंडलायुक्त भानु चंद्र गोस्वामी और लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के मुख्य अभियंता अजय वर्मा दोपहर करीब 12 बजे सबसे पहले नोएडा विकास प्राधिकरण के दफ्तर पहुंचे, यहां से मामले की जांच शुरू की। जांच समिति के सदस्यों ने मृतक के परिजनों से भी मुलाकात की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना की जांच रिपोर्ट पांच दिन के अंदर तलब की है।
इस मामले को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने एक तीन सदस्यीय विशेष जांच दल गठित किया है। उत्तर प्रदेश शासन ने सोमवार को नोएडा विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी लोकेश एम को उनके पद से हटाकर उन्हें प्रतीक्षारत कर दिया था, अभी तक नोएडा विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी के पद पर किसी की नियुक्ति नहीं हुई है।
नोएडा के सेक्टर-150 में 16 जनवरी को हुई घटना में 27 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता की मौत हो गई थी। उसकी कार निर्माणाधीन स्थल के पास पानी से भरे गड्ढे में गिर गयी थी और उस निर्माणाधीन स्थल पर कोई अवरोधक भी नहीं था। यह गड्ढा एक मॉल के भूमिगत तल के निर्माण के लिए खोदा गया था। इस घटना में लापरवाही के आरोप लगाए जा रहे हैं।