Jharkhand Elephant Story: एक परिवार के 4 सदस्यों सहित 6 की मौत, जंगली हाथियों ने किया हमला
By सतीश कुमार सिंह | Updated: February 13, 2026 11:31 IST2026-02-13T11:06:40+5:302026-02-13T11:31:02+5:30
Jharkhand Elephant Story: झारखंड के गुमला के पांच गांवों में हाथियों के हमले से लोगों की सुरक्षा के मद्देनजर निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है।

Jharkhand Elephant Story
रांची: झारखंड के हजारीबाग जिले में शुक्रवार को जंगली हाथियों के झुंड के हमले में एक परिवार के चार सदस्यों सहित छह लोगों की मौत हो गई। एक वन अधिकारी ने यह जानकारी दी। हजारीबाग पूर्व के संभागीय वन अधिकारी (डीएफओ) विकास कुमार उज्ज्वल ने बताया कि पिछले कुछ दिनों में कई लोगों पर हमला कर चुका हाथियों का झुंड बृहस्पतिवार रात को चुरचू प्रखंड के गोंडवार गांव में घुस गया और शुक्रवार तड़के हाथियों के इस झुंड के हमले मे छह लोगों की मौत हो गई। झारखंड के गुमला के पांच गांवों में हाथियों के हमले से लोगों की सुरक्षा के मद्देनजर निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है।
ग्रामीण इलाके में 18 हाथियों का एक झुंड घूम रहा है। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएस) की धारा 163 के तहत जारी निषेधाज्ञा 30 जनवरी से 15 फरवरी तक भरनो थाना क्षेत्र के सुपा, मालगांव, मोरगांव, बुढीपाट और महुआटोली गांवों में प्रभावी रहेगी। लाइसेंसी हथियार, आग्नेयास्त्र या विस्फोटक सामग्री ले जाने पर भी प्रतिबंध लगाया गया है।
डीएफओ ने बताया कि भरनो क्षेत्र से रांची, गुमला और लोहरदगा के लिए रास्ते निकलते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हाथियों का झुंड इन्हीं मार्ग से होकर तीनों जिलों में आवाजाही करता है। पिछले छह महीनों में यह तीसरी बार है जब इस क्षेत्र में निषेधाज्ञा लागू की गई है।’’
वन विभाग के एक अन्य अधिकारी ने बताया कि इस वर्ष एक जनवरी से अब तक राज्य में हाथियों के हमलों में 25 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है जिनमें से पश्चिम सिंहभूम जिले में एक हाथी 20 लोगों की जान ले चुका है। सरकारी रिपोर्ट के अनुसार, झारखंड में 2019-20 से अब तक मानव-हाथी संघर्ष की घटनाओं में कुल 474 लोगों की मौत हो चुकी है।