नए वित्त वर्ष में नई शराब की दुकानें खोलने का प्रस्ताव नहीं?, शराब गटकने में कश्मीर से आगे जम्मू?
By सुरेश एस डुग्गर | Updated: February 7, 2026 13:49 IST2026-02-07T13:48:55+5:302026-02-07T13:49:44+5:30
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, जम्मू जिले ने 2023-24 में रु 48,350.15 लाख और 2024-25 में रु 50,913.93 लाख कमाए थे।

सांकेतिक फोटो
जम्मूः जम्मू कश्मीर सरकार ने यह स्पष्ट किया है कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के दौरान केंद्र शासित प्रदेश में नई शराब की दुकानें खोलने का कोई प्रस्ताव नहीं है। पर उसके द्वारा प्रस्तुत आंकड़े यह जरूर बताते थे कि जम्मू संभाग कश्मीर से ज्यादा शराब गटक रहा है और इनमें जम्मू जिला सबसे आगे है। दरअसल विधायक अर्जुन सिंह राजू के एक सवाल के लिखित जवाब में, वित्त विभाग ने सदन को बताया कि आने वाले वित्तीय वर्ष के लिए कोई नए शराब लाइसेंस प्लान नहीं किए गए हैं। इस दौरान सरकार ने पिछले दो वित्तीय वर्षों में मौजूदा शराब की दुकानों से जिलेवार रेवेन्यू भी शेयर किया।
जिसमें लगातार बढ़ोतरी का ट्रेंड दिख रहा है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, जम्मू जिले ने 2023-24 में रु 48,350.15 लाख और 2024-25 में रु 50,913.93 लाख कमाए थे। उधमपुर ने रु 11,322 लाख और रु 12,061.50 लाख, जबकि रियासी ने इसी अवधि में रु 3,371 लाख और रु 3,450.50 लाख कमाए।
विधानसभा में पेश जवाब में कहा गया है कि कठुआ ने वर्ष 2023-24 में रु 10,653 लाख और 2024-25 में रु 11,272 लाख की शराब पी है और सांबा ने रु 9,138.06 लाख और रु 9,740.15 लाख कमा लिए। इसी तरह से डोडा जिले के लोगों ने रु 2,353.61 लाख और रु 2,448.17 लाख की शराब पी ली। जबकि किश्तवाड़ भी इससे पीछे न रहते हुए रु 1,681.90 लाख और रु 1,887.59 लाख की शराब गटक गया।
आंकड़ों के बकौल, रामबन ने 2023-24 में 2,299.95 लाख और 2024-25 में 2,476.70 लाख, राजौरी ने 4,806.19 लाख और 5,336.96 लाख, और पुंछ ने 1,497.78 लाख और 1,768.92 लाख की शराब पी ली। ऐसा भी नहीं है कि प्रदेश में कश्मीर डिवीजन शराब गटकने में पीछे हो बल्कि कश्मीर में श्रीनगर ने वर्ष 2023-24 में 5,489.67 और वर्ष 2024-25 में बढ़कर 6,557.66 लाख की शराब गटक ली।
इसी तरह से गंदरबल में लोगों ने रू223.45 लाख और रू319.69 लाख, बारामुल्ला के लोगों ने 872.23 लाख और 1,139.84 लाख तथा कुपवाड़ा में लोगों ने 415.66 लाख और 442.96 लाख जबकि अनंतनाग ने 1,403.50 लाख और 1,999.50 लाख की शराब गटक ली।
कथित बेनामी शराब लाइसेंस के बारे में चिंताओं पर, सरकार ने कहा कि उसे ऐसी कोई शिकायत नहीं मिली है। उसने यह भी कहा कि सभी लाइसेंस एक्साइज एक्ट, 1958 और समय-समय पर नोटिफाइड एक्साइज पालिसी के तहत सिर्फ जम्मू कश्मीर के डोमिसाइल वालों को ही जारी किए जाते हैं।