भारतीय स्टार्टअप ने कोविड-19 के सीरो सर्वेक्षण के लिए तकनीकी विकसित की
By भाषा | Updated: December 13, 2020 16:54 IST2020-12-13T16:54:38+5:302020-12-13T16:54:38+5:30

भारतीय स्टार्टअप ने कोविड-19 के सीरो सर्वेक्षण के लिए तकनीकी विकसित की
नयी दिल्ली, 13 दिसंबर भारतीय आईटी स्टार्टअप थैलमस इरविन ने दावा किया है कि उसने सीरो सर्वेक्षण के लिए कृत्रिम मेघा और आईओटी आधारित समाधान विकसित किया है, जिसमें एक सप्ताह में कोविड-19 के एक करोड़ नमूनों का विश्लेषण किया जा सकता है।
दिल्ली स्थित कंपनी ने सार्वजनिक क्षेत्र की आईटीआई के साथ साझेदारी की है।
थैलमस इरविन के अध्यक्ष ऋषण शर्मा ने पीटीआई-भाषा को बताया, ‘‘हमने चंद माइक्रोसेकेंड में कोविड-19 के लिए नमूना परीक्षण के विश्लेषण के लिए कृत्रिम मेघा आधारित एक प्रणाली विकसित की है। हम अपने ‘एआई इंटरनेट ऑफ थिंग्स’ (आईओटी) मंच को अपने साझेदार उपकरण के साथ जोड़ सकते हैं, जो डेटा का तुरंत विश्लेषण कर सकता है।’’
सीरो सर्वेक्षण या सेरोप्रेवलेंस अध्ययन खून के नमूने से जमा किए गए एंटीबॉडी के विश्लेषण पर आधारित होता है।
शर्मा ने कहा कि इसके विश्लेषण से देश में कोरोना वायरस के संक्रमण की दिशा और रफ्तार के बारे में जानकारी हासिल की जा सकती है।
Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।