लाइव न्यूज़ :

निर्यात फरवरी में 0.67 प्रतिशत बढ़ा, व्यापार घाटा बढ़कर 12.62 अरब डॉलर पहुंचा

By भाषा | Updated: March 15, 2021 20:39 IST

Open in App

नयी दिल्ली, 15 देश का वाणिज्यक निर्यात लगातार तीसरे महीने वृद्धि दर्ज करते हुए फरवरी में सालाना आधार पर 0.67 प्रतिशत बढ़कर 27.93 अरब डॉलर रहा।

सोमवार को जारी आधिकारिक आंकड़े के अनुसार फरवरी में आयात 6.96 प्रतिशत बढ़कर 40.54 अरब डॉलर पहुंच गया।

इस तरह पिछले माह व्यापार घाटा भी बढ़कर 12.62 अरब डॉलर पहुंच गया। पिछले साल फरवरी में व्यापार घाटा 10.16 अरब डॉलर था।

आंकड़े के अनुसार चालू वित्त वर्ष में अप्रैल-फरवरी के दौरान निर्यात 12.23 प्रतिशत घटकर 256.18 अरब डॉलर रहा जो एक साल पहले 2019-20 की इसी अवधि में 291.87 अरब डॉलर था।

आलोच्य अवधि में आयात 23.11 प्रतिशत घटकर 340.8 अरब डॉलर रहा।

फरवरी में तेल आयात 16.63 प्रतिशत घटकर 8.99 अरब डॉलर रहा। चालू वित्त वर्ष में अप्रैल-फरवरी के दौरान तेल आयात एक साल पहले की इसी अवधि की तुलना में 40.18 प्रतिशत घटकर 72.08 अरब डॉलर रहा।

स्वर्ण आयात फरवरी 2021 में उछलकर 5.3 अरब डॉलर पहुंच गया जो एक साल पहले इसी माह में 2.36 अरब डॉलर था।

जिन क्षेत्रों के निर्यात में वृद्धि दर्ज की गयी, उनमें ऑयलमील, लौह अयस्क, चावल (30.78 प्रतिशत), कालीन (19.46 प्रतिशत), मसाला (18.61 प्रतिशत), औषधि (14.74 प्रतिशत), तंबाकू (7.71 प्रतिशत) और रसायन (1.2 प्रतिशत) शामिल हैं।

आंकड़े के अनुसार दूसरी तरफ तिलहन, चमड़ा, पेट्रोलियम उत्पाद, काजू, रत्न एवं आभूषण, सिले-सिलाये कपड़े, चाय, इंजीनियरिंग सामान, कॉफी और समुद्री उत्पादों के निर्यात में गिरावट दर्ज की गयी।

इस बारे में भारतीय निर्यात संगठनों का महासंघ (फियो) के अध्यक्ष शरद कुमार सर्राफ ने कहा कि निर्यात में वृद्धि हल्की रहने का एक मुख्य कारण देश भर में कंटेनरों की कमी है। कुछ राज्यों में कोविड-19 मामलों में बढ़ोतरी के कारण माह के अंतिम सप्ताह में कंटेनरों की आपूर्ति सीमित रही।

उन्होंने कहा कि चीन का निर्यात बढ़ रहा और चीन की कंपनियां जहाजरानी कंपनियों और कंटेनर कंपनियों को खाली कंटेनर वापस चीन लाने के लिये ऊंचा प्रीमियम दे रही हैं। इससे पूरे क्षेत्र में कंटेनरों की कमी हुई है।

उन्होंने सरकार से कुछ प्रमुख मसलों के समाधान का आग्रह किया। इसमें समय पर नई व्यापार नीति की घोषणा, कंटेनरों की पर्याप्त उपलब्धता, निर्यात उत्पादों पर शुल्कों तथा करों में छूट (आरओडीटीईपी) के लिये जरूरी कोष को जारी करना, माल भाड़ा शुल्क में कमी जैसे मुद्दे शामिल हैं।

इक्रा लि. की प्रधान अर्थशास्त्री अदिति नायर ने कहा कि हालांकि अनुकूल तुलनात्मक आधार से मार्च 2021 में आयात और निर्यात में वृद्धि होगी। ‘‘हमारा अनुमान है कि व्यापार घाटा चालू माह में बढ़कर 13.5 से 14 अरब डॉलर हो जाएगा।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

भारतगुजरात की पार्षद ने BJP छोड़ी, कांग्रेस में शामिल हुईं, फिर कुछ ही घंटों में ही कर ली 'घर वापसी'

भारतAssembly Elections 2026: असम में 85.65% में मतदाताओं की भागीदारी, केरल में 78.24%, तो पुडुचेरी में 89.08% रही वोटिंग

भारतअपने जन्मदिन से पहले, अनंत अंबानी ने गुजरात के सालंगपुर मंदिर स्थित गौशाला को दान किए ₹10 करोड़

विश्वईरान ने US के साथ हुए सीज़फ़ायर समझौते के तहत स्ट्रेट ऑफ़ होर्मुज़ से जहाज़ों के गुज़रने की सीमा रोज़ाना 15 जहाज़ों तक तय की

कारोबारसावधानीपूर्वक निवेश से ठोस संपत्ति की ओर: निश्चित आय वालों का भूखंड की ओर बढ़ता रुझान

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारबरसात और ओलावृष्टि से 2 करोड़ किसान प्रभावित?, आपदाग्रस्त घोषित करने की तैयारी कर रही योगी सरकार

कारोबारDisney Layoffs: आर्थिक अनिश्चितता के बीच डिज़्नी 1,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकालने की तैयारी में

कारोबारIncome Tax Rules 2026: नए कानून के वे सेक्शन जो आपकी जेब पर असर डालेंगे? पूरी जानकारी यहां

कारोबारVerSe Innovation ने प्रसन्ना प्रसाद को CPTO नियुक्त किया, कंपनी के AI विजन को देंगे नई रफ्तार

कारोबारPetrol, Diesel Price Today: एक क्लिक से जानें पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट, चेक करें अपने शहर के दाम