रेखा गुप्ता सरकारः 38,552 करोड़ रुपये लंबित भुगतान?, अप्रैल 2026 से बढ़ सकते हैं बिजली दाम, DERC की बकाया वसूली की तैयारी

By सतीश कुमार सिंह | Updated: March 23, 2026 12:09 IST2026-03-23T12:00:53+5:302026-03-23T12:09:23+5:30

delhi Rekha Gupta Government: सरकार उपभोक्ताओं पर पड़ने वाले प्रभाव को कम करने के लिए बिजली दरों में वृद्धि पर सब्सिडी देने की योजना बना रही है।

delhi Rekha Gupta Government ₹38552 crore pending payments? Electricity prices may rise from April 2026, DERC preparing to recover dues | रेखा गुप्ता सरकारः 38,552 करोड़ रुपये लंबित भुगतान?, अप्रैल 2026 से बढ़ सकते हैं बिजली दाम, DERC की बकाया वसूली की तैयारी

delhi Rekha Gupta Government

Highlightsdelhi Rekha Gupta Government: 27,200 करोड़ रुपये की वहन लागत सहित विनियामक परिसंपत्तियों का भुगतान किया जाए।delhi Rekha Gupta Government: विनियामक परिसंपत्तियां वे लागतें हैं जिनकी वसूली भविष्य में होने की उम्मीद है।delhi Rekha Gupta Government: दिल्ली में कुल नियामक परिसंपत्तियां 38,552 करोड़ रुपये हैं।

delhi:दिल्ली में भाजपा सरकार एक और झटका देने जा रही है। राष्ट्रीय राजधानी में बिजली की दरें बढ़ने की संभावना है। तीन बिजली वितरण कंपनियों को 38,000 करोड़ रुपये से अधिक के लंबित भुगतान की तैयारी किए जाने के बीच अप्रैल से बिजली की दरों में वृद्धि होने की संभावना है। अधिकारियों ने जानकारी दी। अधिकारियों ने हालांकि, बताया कि सरकार उपभोक्ताओं पर पड़ने वाले असर को कम करने के लिए बिजली शुल्क में वृद्धि पर रियायत देने की योजना बना रही है। सरकार उपभोक्ताओं पर पड़ने वाले प्रभाव को कम करने के लिए बिजली दरों में वृद्धि पर सब्सिडी देने की योजना बना रही है।

पिछले साल अगस्त में सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया था कि दिल्ली की तीन निजी वितरण कंपनियों बीआरपीएल, बीवाईपीएल और टीपीडीडीएल को सात साल की अवधि में 27,200 करोड़ रुपये की वहन लागत सहित विनियामक परिसंपत्तियों का भुगतान किया जाए। विनियामक परिसंपत्तियां वे लागतें हैं जिनकी वसूली भविष्य में होने की उम्मीद है।

आम आदमी पार्टी के शासनकाल में पिछले एक दशक में बिजली दरों में कोई वृद्धि न होने के कारण इनमें भारी वृद्धि हुई है। दिल्ली विद्युत नियामक आयोग (डीईआरसी) ने जनवरी में विद्युत अपीलीय न्यायाधिकरण (एपीटीईएल) को सूचित किया कि दिल्ली में कुल नियामक परिसंपत्तियां 38,552 करोड़ रुपये हैं।

डीईआरसी के अनुसार, बकाया राशि में बीआरपीएल के लिए 19,174 करोड़ रुपये, बीवाईपीएल के लिए 12,333 करोड़ रुपये और टीपीडीडीएल के लिए 7,046 करोड़ रुपये शामिल हैं। ये राशियां बिजली आपूर्ति के लिए वितरण कंपनियों द्वारा किए गए स्वीकृत व्यय को दर्शाती हैं। रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार 1 अप्रैल से इस वृद्धि को लागू कर सकती है।

अदालत ने DERC को वसूली योजना तैयार करने, वहन लागत (ब्याज) का हिसाब रखने और लागत वसूली में हुई लंबी देरी का स्पष्टीकरण देने वाली विस्तृत लेखापरीक्षा करने का निर्देश दिया है। दिल्ली विद्युत नियामक आयोग 1 अप्रैल से अधिभार बढ़ाने जा रहा है। खबरों के मुताबिक, सरकार सब्सिडी बढ़ाने और इन लागतों के कुछ हिस्से को वहन करने की योजना पर काम कर रही है।

Web Title: delhi Rekha Gupta Government ₹38552 crore pending payments? Electricity prices may rise from April 2026, DERC preparing to recover dues

कारोबार से जुड़ीहिंदी खबरोंऔर देश दुनिया खबरोंके लिए यहाँ क्लिक करे.यूट्यूब चैनल यहाँ इब करें और देखें हमारा एक्सक्लूसिव वीडियो कंटेंट. सोशल से जुड़ने के लिए हमारा Facebook Pageलाइक करे