जयपुर मेट्रो परियोजनाः 13038 करोड़ रुपये की लागत, 36 स्टेशन और प्रहलादपुरा से तोड़ी मोड़ तक 41 किमी लंबा

By सतीश कुमार सिंह | Updated: April 8, 2026 17:14 IST2026-04-08T16:49:12+5:302026-04-08T17:14:02+5:30

Cabinet decision: केंद्रीय मंत्रिमंडल ने एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड (एचआरएल) (पचपदरा, जिला - बालोतरा) के लिए लागत संशोधन और इक्विटी निवेश को मंजूरी दे दी है।

Cabinet decision Jaipur Metro Project: ₹13,038 crore, 36 stations, 41 km long from Prahladpura to Todi Mor | जयपुर मेट्रो परियोजनाः 13038 करोड़ रुपये की लागत, 36 स्टेशन और प्रहलादपुरा से तोड़ी मोड़ तक 41 किमी लंबा

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Highlightsरिफाइनरी ने शून्य तरल अपशिष्ट का लक्ष्य हासिल कर लिया है।आयातित कच्चे तेल का भी यहां शोधन किया जाएगा।रिफाइनरी का वाणिज्यिक परिचालन जुलाई 2026 से शुरू होगा।

नई दिल्लीः केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 13,038 करोड़ रुपये की लागत वाली जयपुर मेट्रो परियोजना के दूसरे चरण को मंजूरी दी है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि प्रहलादपुरा से तोड़ी मोड़ तक 41 किलोमीटर लंबा उत्तर-दक्षिण गलियारा है, जिसमें 36 स्टेशन शामिल हैं। वैष्णव ने कहा कि राजस्थान में निर्माणाधीन विशाल रिफाइनरी के संबंध में निर्णय ले लिया गया है। एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड परियोजना के संबंध में कई निर्णय लिए गए हैं। इक्विटी योगदान और परियोजना लागत संबंधी अद्यतन के बारे में है। विशाल रिफाइनरी का निर्माण हो रहा है।

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने जयपुर मेट्रो परियोजना के दूसरे चरण को बुधवार को मंजूरी दे दी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने यह जानकारी दी। वैष्णव ने बताया कि इस परियोजना के तहत 41 किलोमीटर लंबा परिपथ होगा जिसमें 36 स्टेशन शामिल होंगे और इसकी कुल लागत 13,000 करोड़ रुपये से अधिक होगी।

मंत्रिमंडल ने खरीफ सत्र के लिए पीएंडके उर्वरकों पर 41,534 करोड़ रुपये की सब्सिडी को मंजूरी दी

आगामी खरीफ सत्र के लिए फॉस्फेटिक एवं पोटाश (पीएंडके) उर्वरकों पर 41,534 करोड़ रुपये की सब्सिडी को मंजूरी दे दी जो पिछले साल की तुलना में करीब 12 प्रतिशत अधिक है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में हुई आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीईए) की बैठक में यह फैसला लिया गया। यह उर्वरक सब्सिडी एक अप्रैल से 30 सितंबर, 2026 तक की अवधि के लिए लागू रहेगी।

वास्तव में भारत पहले ही विश्व का चौथा सबसे बड़ा रिफाइनर बन चुका है। हमारी वर्तमान शोधन क्षमता 258 मिलियन मीट्रिक टन प्रति वर्ष है। इस परियोजना के साथ 9 मिलियन मीट्रिक टन प्रति वर्ष की अतिरिक्त क्षमता जुड़ जाएगी। इस रिफाइनरी में वाणिज्यिक परिचालन जुलाई 2026 में शुरू होने वाला है।

इस रिफाइनरी का वाणिज्यिक परिचालन जुलाई 2026 से शुरू होगा। इससे 10,000 प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। आयातित कच्चे तेल का भी यहां शोधन किया जाएगा। इस रिफाइनरी ने शून्य तरल अपशिष्ट का लक्ष्य हासिल कर लिया है।

वैष्णव ने बताया, "कैबिनेट ने अरुणाचल प्रदेश के कामले, क्रा दाडी और कुरुंग कुमे जिलों में 26,069.50 करोड़ रुपये की लागत से 1720 मेगावाट की कमला जलविद्युत परियोजना के निर्माण के निवेश प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। परियोजना को पूरा करने की अवधि 96 महीने है। कैबिनेट ने अंजॉ जिले में 1200 मेगावाट की कलाई-II जलविद्युत परियोजना को भी मंजूरी दी है।"

Web Title: Cabinet decision Jaipur Metro Project: ₹13,038 crore, 36 stations, 41 km long from Prahladpura to Todi Mor

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