टूलकिट मामला: कांग्रेस को झटका, रमन सिंह सहित संबित पात्रा के खिलाफ जांच पर रोक को चुनौती देने वाली याचिकाएं खारिज

By भाषा | Published: September 22, 2021 01:01 PM2021-09-22T13:01:19+5:302021-09-22T14:11:53+5:30

सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस और छत्तीसगढ़ सरकार को झटका देते हुए उन दो याचिकाओं को खारिज कर दिया है, जिसमें रमन सिंह और संबित पात्रा के खिलाफ जांच पर रोक लगाने के आदेश को चुनौती दी गई थी।

Toolkit case: Chhattisgarh government's petitions challenging stay on investigation against Raman Singh, Sambit Patra dismissed | टूलकिट मामला: कांग्रेस को झटका, रमन सिंह सहित संबित पात्रा के खिलाफ जांच पर रोक को चुनौती देने वाली याचिकाएं खारिज

टूलकिट मामला: कांग्रेस को झटका, रमन सिंह सहित संबित पात्रा के खिलाफ जांच पर रोक को चुनौती देने वाली याचिकाएं खारिज

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नयी दिल्ली: उच्चतम न्यायालय ने कथित रूप से फर्जी टूलकिट मामले संबंधी ट्वीट को लेकर छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता संबित पात्रा के खिलाफ जांच पर रोक लगाने के उच्च न्यायालय के आदेश को चुनौती देने वाली छत्तीसगढ़ सरकार की दो अलग-अलग याचिकाओं पर सुनवाई करने से बुधवार को इनकार कर दिया।

प्रधान न्यायाधीश एन वी रमण, न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति हिमा कोहली की पीठ ने कहा, ‘‘इस मामले पर छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय को फैसला करने दीजिए।’’

पीठ ने कहा कि विभिन्न अदालतों में टूलकिट मामले संबंधी कई मामले लंबित हैं, इसलिए मौजूदा मामलों से विशेष रूप से निपटा नहीं जा सकता।

राज्य की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनु सांघवी ने मामले के रिकॉर्ड का जिक्र करना चाहा तो पीठ ने कहा, ‘‘अपनी ऊर्जा यहां व्यर्थ मत कीजिए। हम विशेष अनुमति याचिकाओं (एसएलपी) पर विचार करने के इच्छुक नहीं हैं। हम एसएलपी खारिज करते हैं।’’

न्यायालय ने छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय से फर्जी टूलकिट मामले संबंधी याचिकाओं पर शीघ्र निर्णय लेने का अनुरोध किया और कहा कि इस मामले पर पहले की टिप्पणियों से प्रभावित हुए बिना फैसला किया जाए।

उच्च न्यायालय ने 11 जून को दो अलग-अलग आदेश पारित किए और सिंह एवं पात्रा के खिलाफ दायर प्राथमिकी के संदर्भ में उन्हें अंतरिम राहत दी थी। अदालत ने कहा था कि प्राथमिकी में लगाए गए आरोप दर्शाते हैं कि ‘‘ट्वीट ने कांग्रेस नेताओं को क्रोधित किया। यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि ट्वीट ने सार्वजनिक शांति पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं डाला और यह दो राजनीतिक दलों के बीच केवल राजनीतिक प्रतिद्वन्दिता का मामला है।’’

कांगेस की छात्र शाखा नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया की छत्तीसगढ़ इकाई के अध्यक्ष आकाश शर्मा की शिकायत पर 19 मई को प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इस प्राथमिकी में आरोप लगाया गया कि सिंह, पात्रा और अन्य लोगों ने कांग्रेस पार्टी के फर्जी लेटरहेड का इस्तेमाल कर मनगढ़ंत सामग्री सोशल मीडिया मंच पर पोस्ट की और इसे पार्टी द्वारा विकसित टूलकिट के रूप में पेश किया।

Web Title: Toolkit case: Chhattisgarh government's petitions challenging stay on investigation against Raman Singh, Sambit Patra dismissed

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