Modi Government on Rafale deal, Anil Ambani's Reliance Defence, Congress regime | राफेल सौदे पर कांग्रेस के आरोपों से निपटने के लिए मोदी सरकार ने निकाला रास्ता, पुरानी फाइलें खोलने की तैयारी!
राफेल सौदे पर कांग्रेस के आरोपों से निपटने के लिए मोदी सरकार ने निकाला रास्ता, पुरानी फाइलें खोलने की तैयारी!

नई दिल्ली, 13 अक्टूबरः राफेल सौदे को लेकर मोदी सरकार पर कांग्रेस पार्टी तीखे हमले कर रही है। इसका जवाब देने के लिए केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक सरकार ने अनिल अंबानी की कंपनी के ऐसे प्रोजक्ट की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है जो यूपीए शासन में दिए गए थे। 

ईटी की रिपोर्ट के मुताबिक सरकार की शुरुआती रिपोर्ट में करीब 1 लाख करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट की जानकारी मिल रही है जो यूपीए सरकार के आखिरी सात सालों में रिलायंस कंपनी को दिए गए थे। यह डेटा पॉवर, टेलीकॉम, रोड ट्रांसपोर्ट, हाइवे, और दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन विभाग से जुटाए गए हैं। 

आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक ये सभी प्रोजेक्ट सरकारी एजेंसियों के साथ थे। सरकार यह जानने की कोशिश कर रही है कि क्या प्रोजेक्ट दिए जाने में सभी प्रकार के नियमों का पालन किया गया है या नहीं।

गौरतलब है कि राफेल सौदे पर कांग्रेस लगातार आरोप लगा रही है कि मोदी सरकार ने अनिल अंबानी की कंपनी को ऑफसेट पार्टनर बनाने के लिए दबाव बनाया था। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सीधे तौर पर भ्रष्ट कहा था।

फ्रांस की मीडिया रिपोर्ट्स का हवाला देते हुए राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि प्रधानमंत्री के दखल के बाद अनिल अंबानी को 30 हजार करोड़ रुपये का मुआवजा दिया गया है। उन्होंने कहा कि जब हमने लोकसभा में सवाल पूछा तो वो आंख नहीं मिला पा रहे थे।

राहुल गांधी ने कहा कि उनसे फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति ने खुद बताया कि उनसे भारत के प्रधानमंत्री ने रिलायंस को सौदा देने के लिए कहा था। अब एक वरिष्ठ अधिकारी ने भी राफेल को लेकर यही बात दोहराई है। यह साफ तौर पर भ्रष्टाचार का मामला है।

उन्होंने कहा मैं देश के युवाओं को बता देना चाहता हूं कि हिंदुस्तान का प्रधानमंत्री भ्रष्ट है। उन्होंने रक्षामंत्री निर्मला सीतारमण के फ्रांस दौरे पर भी सवाल उठाए। राहुल ने कहा कि ऐसी क्या इमरजेंसी पड़ गई की रक्षामंत्री को दसॉल्ट की फैक्ट्री जाना पड़ा।

फ्रांस के तीन दिवसीय दौरे पर रक्षामंत्री

देश की रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण फ्रांस की तीन दिवसीय यात्रा के लिए रवाना हो गई हैं। उनकी यात्रा के दौरान दोनों पक्ष अपने करीबी रक्षा एवं सुरक्षा संबंधों को और मजबूत बनाने पर चर्चा कर सकते हैं। फ्रांसीसी एयरोस्पेस कंपनी दसॉ एविएशन से 36 राफेल लड़ाकू विमानों की खरीद के मुद्दे पर पैदा हुए विवाद के बीच सीतारमण फ्रांस की यात्रा पर जा रही हैं।

सुप्रीम कोर्ट ने पूछी सौदे की प्रक्रिया

केंद्र सरकार से फ्रांस से खरीदी जाने वाला राफेल फाइटर जेल की खरीद से जुड़ी जानकारियां सिलबंद लिफाफे में मांगी हैं। सर्वोच्च न्यायालय ने नरेंद्र मोदी सरकार से लड़ाकू विमान की खरीद के दौरान अपनायी प्रक्रिया का ब्योरा मांगा है। भारतीय सेना के लिए फ्रांस की रक्षा कंपनी दसॉल्ट से 36 लड़ाकू विमान खरीद रही है। सुप्रीम कोर्ट ने सरकार से राफेल के दाम के बारे में जानकारी नहीं मांगी है।

English summary :
The Congress party is attacking the Modi government over the Rafale deal before Lok Sabha and Assembly Elections. Recently Congress President Rahul Gandhi launched fresh attack on Modi government after French Media made some revelation over Dassault Aviation and Reliance Defence. Now the Central Government lead by Narendra Modi has taken a big step to answer on all the allegations. As per the latest news, Modi government has started gathering information of Anil Ambani's company's projects which were given in the UPA regime.


Web Title: Modi Government on Rafale deal, Anil Ambani's Reliance Defence, Congress regime
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