Asha goes from village to village and takes care of the mother, takes care of the child, so I name Asha Yashoda in Amethi: Smriti Irani | आशा गांव-गांव जा कर मां की देखभाल करती हैं, बच्चे के पालन पोषण करती हैं इसलिए मैं अमेठी में आशा को यशोदा नाम देती हूंः स्मृति ईरानी
ईरानी ने कहा कि पिछले 100 दिनों में उन्होंने 225 करोड़ की लागत से 210 सड़कों के निर्माण और अन्य योजनाओं की शुरुआत की है।

Highlightsअमेठी में किचन गार्डन योजना की शुरुआत, सांसद स्मृति ईरानी ने उद्घाटन किया।अमेठी में इस योजना के तहत 668 विद्यालयों को 95 लाख 70 हजार रुपये आवंटित किए गए हैं।

केंद्रीय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी ने बृहस्पतिवार को यहां कहा कि देश में किसान सम्मान योजना के तहत लगभग छह करोड़ से अधिक किसानों को फायदा पहुंचा है और इस पर सरकार ने आठ हजार करोड़ रुपये से अधिक का बजट खर्च किया है।

सांसद स्मृति ईरानी गौरीगंज के नवोदय विद्यालय में आशा सम्मेलन को संबोधित कर रही थीं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की इस महत्वाकांक्षी योजना से किसानों को काफी फायदा हुआ है। उन्हें खेती करने में मदद मिल रही है।

ईरानी ने आशा बहुओं की चर्चा करते कहा, ‘‘आशा गांव-गांव जा कर हर मां की देखभाल करती हैं, बच्चे के पालन पोषण में मदद करती हैं इसलिए मैं आज अमेठी में आशा को यशोदा नाम देती हूँ।’’  100 दिन के रिपोर्ट कार्ड की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत योजना के तहत अब तक देश में 10 करोड़ परिवारों को फायदा पहुंचा है और अब तक 40 लाख लोग इसका लाभ उठा चुके हैं। अमेठी में बृहस्पतिवार से किचन गार्डन योजना की शुरुआत करते हुए स्मृति ने कहा कि इसके तहत प्रत्येक प्राथमिक विद्यालय को 15 हजार रुपये का अनुदान मिलेगा।

इससे वहां पर सुंदरीकरण सहित अन्य कार्य होंगे। अमेठी में इस योजना के तहत 668 विद्यालयों को 95 लाख 70 हजार रुपये आवंटित किए गए हैं। ईरानी ने कहा कि पिछले 100 दिनों में उन्होंने 225 करोड़ की लागत से 210 सड़कों के निर्माण और अन्य योजनाओं की शुरुआत की है।

550 करोड़ की लागत से अमेठी में रेलवे लाइनों का दोहरीकरण, विद्युतीकरण, स्टेशनों का सुंदरीकरण किया जा रहा है और इस तरह पिछले 100 दिनों में अमेठी में उन्होंने 800 करोड़ रुपए का विकास किया है। उन्होंने बताया कि अमेठी में कृषि विज्ञान केंद्र की स्थापना हो रही है और इसके संबंध में कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक हर विद्यालय में जाकर लोगों को उन्नत किस्म के बीजों की जानकारी देंगे।

 


Web Title: Asha goes from village to village and takes care of the mother, takes care of the child, so I name Asha Yashoda in Amethi: Smriti Irani
भारत से जुड़ी हिंदी खबरों और देश दुनिया की ताज़ा खबरों के लिए यहाँ क्लिक करे. यूट्यूब चैनल यहाँ सब्सक्राइब करें और देखें हमारा एक्सक्लूसिव वीडियो कंटेंट. सोशल से जुड़ने के लिए हमारा Facebook Page लाइक करे