On the first day Ranji Trophy 2019-20: know about score | Ranji Trophy 2019-20: जानिए क्या रहा पहले दिन का हाल, किस टीम ने बनाया मैच में दबदबा
Ranji Trophy 2019-20: जानिए क्या रहा पहले दिन का हाल, किस टीम ने बनाया मैच में दबदबा

दिल्ली बनाम केरल: अनुभवी रॉबिन उथप्पा के शतक तथा शीर्ष क्रम के अन्य बल्लेबाजों के उपयोगी योगदान से केरल ने दिल्ली के खिलाफ रणजी ट्रॉफी ग्रुप सी मैच में सोमवार को अच्छी शुरुआत करते हुए पहले दिन तीन विकेट पर 276 रन बनाए। उथप्पा ने 102 रन की पारी खेली। उथप्पा ने 221 गेंदों का सामना किया तथा सात चौके और तीन छक्के लगाए।

सलामी बल्लेबाज पोन्नम राहुल (97) केवल तीन रन से शतक से चूक गये। उनकी 174 गेंद की पारी में 11 चौके और दो छक्के शामिल हैं। इन दोनों ने दूसरे विकेट के लिये 118 रन की साझेदारी की।

केरल ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया जिसके बाद राहुल और जलज सक्सेना (32) ने पहले विकेट के लिये 68 रन जोड़कर टीम को अच्छी शुरुआत दिलायी। लेग स्पिनर तेजस बारोका ने सक्सेना को ललित यादव के हाथों कैच कराकर दिल्ली को पहली सफलता दिलायी।

इसके बाद हालांकि दिल्ली को अगली सफलता के लिये 37 ओवर तक इंतजार करना पड़ा। बायें हाथ के स्पिनर विकास मिश्रा ने राहुल को पगबाधा आउट करके उन्हें शतक पूरा नहीं करने दिया। कप्तान सचिन बेबी (नाबाद 36) ने उथप्पा का अच्छा साथ दिया। इन दोनों ने तीसरे विकेट के लिये 90 रन जोड़े। उथप्पा को दिन के अंतिम ओवर में तेज गेंदबाज प्रदीप सांगवान ने ललित यादव के हाथों कैच कराया।

मुंबई बनाम बड़ौदा: शम्स मुलानी और शार्दुल ठाकुर के अर्धशतक और दोनों के बीच शतकीय साझेदारी से मुंबई ने मुश्किल परिस्थितियों से उबरते हुए बड़ौदा के खिलाफ ग्रुप बी मैच के पहले दिन आठ विकेट पर 362 रन बनाए। 

सलामी बल्लेबाज पृथ्वी शॉ (66) और अजिंक्य रहाणे (79) के अर्धशतकों के बावजूद मुंबई की टीम एक समय 246 रन पर सात विकेट गंवाने के बाद संकट में थी। मुलानी (नाबाद 56) और ठाकुर (64) ने इसके बाद आठवें विकेट के लिए 108 रन जोड़कर पारी को संभाला। 

यूसुफ पठान (26 रन पर दो विकेट) ने ठाकुर को भार्गव भट के हाथों कैच कराके इस साझेदारी को तोड़ा। दिन का खेल खत्म होने पर शशांक अतार्दे पांच रन बनाकर मुलानी का साथ निभा रहे थे। बड़ौदा की ओर से भार्गव भट सबसे सफल गेंदबाज रहे जो 110 रन देकर तीन विकेट चटका चुके हैं। अंकित राजपूत ने 68 रन देकर दो विकेट हासिल किए। 

हरियाणा बनाम महाराष्ट्र: सलामी बल्लेबाज शुभम रोहिल्ला और शिवम चौहान की शतकीय पारियों और दोनों के बीच तीसरे विकेट के लिए 221 रन की साझेदारी के दम पर हरियाणा ने ग्रुप सी के मैच में महाराष्ट्र के खिलाफ खराब शुरुआत से उबरते हुए पहले दिन तीन विकेट पर 279 रन बनाये। दिन का खेल खत्म होते समय रोहिल्ला 117 रनकर क्रीज पर डटे थे जबकि हिमांशु राणा 20 रन पर नाबाद थे। 

लाहली की तेज गेंदबाजों की मददगार पिच पर हरियाणा ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। टीम ने 24 रन पर जब दूसरा विकेट गंवाया तो लगा कि पहले बल्लेबाजी का फैसला गलत साबित होगा। इसके बाद हालांकि रोहिल्ला को शिवम का साथ मिला और दोनों ने ज्यादा जोखिम लिये बिना रन बनाना जारी रखा। 

इस दौरान शिवम ज्यादा आक्रामक दिखे जिन्होंने 208 गेंद की पारी में 14 चौके और दो छक्के लगाये। रोहिल्ला ने 234 गेंद की नाबाद पारी में 15 चौको की मदद से 117 रन बनाकर खेल रहे है। दोनों की 221 रन की साझेदारी को मध्यम गति के गेंदबाज प्रदीप दाढे (50 रन पर एक विकेट ने शिवम को आउट कर तोड़ा। महाराष्ट्र के लिए समद फल्लाह और अनुपम संकलेचा ने भी एक-एक विकेट लिये।

जम्मू कश्मीर बनाम उत्तराखंड: जम्मू कश्मीर की टीम पहली पारी में केवल 182 रन पर आउट हो गयी लेकिन उसने उत्तराखंड के सात विकेट 64 रन पर निकालकर अच्छी वापसी की। उत्तराखंड का टॉस जीतकर पहले क्षेत्ररक्षण का फैसला सही साबित हुआ। राहिल शाह के तीन और सन्नी राणा के दो विकेट की मदद से वह जम्मू कश्मीर को कम स्कोर पर समेटने में सफल रहा। जम्मू कश्मीर की तरफ से शुभम खजूरिया ने सर्वाधिक 47 रन बनाये।

उत्तराखंड के बल्लेबाज भी नहीं चल पाये और पहले दिन का खेल समाप्त होने तक उसकी टीम जम्मू कश्मीर से 118 रन पीछे थी जबकि उसके केवल तीन विकेट बचे हैं। उत्तराखंड की तरफ से केवल दो बल्लेबाज तन्मय श्रीवास्तव (17) और दीक्षांशु नेगी (नाबाद 16) ही दोहरे अंक में पहुंचे। जम्मू कश्मीर की तरफ से मोहम्मद मुदासिर और रामदयाल ने तीन-तीन विकेट लिये हैं।

हिमाचल प्रदेश बनाम सौराष्ट्र: हिमाचल प्रदेश और सौराष्ट्र के बीच ग्रुप बी मैच के पहले दिन सोमवार को यहां 17 विकेट गिरे जिससे कोई भी टीम अपनी स्थिति मजबूत नहीं कर सकी। हिमाचल प्रदेश ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया लेकिन प्रेरक मांकड़ (13 रन पर तीन विकेट), चिराग जानी (26 रन पर तीन विकेट) और जयदेव उनादकट (31 रन पर तीन विकेट) की धारदार गेंदबाजी के सामने टीम सिर्फ 120 रन पर ढेर हो गई। हिमाचल की ओर से सलामी बल्लेबाज प्रशांत चोपड़ा (33) और सुमित वर्मा (22) ही 20 रन के आंकड़े को पार कर पाए। 

इसके जवाब में सौराष्ट्र ने भी दिन का खेल खत्म होने तक 93 रन पर सात विकेट गंवा दिए थे। सलामी बल्लेबाज स्नेल पटेल (42) के अलावा सिर्फ अर्पित वसावदा (16) ही दोहरे अंक में पहुंच पाए। भारतीय टेस्ट टीम के सदस्य चेतेश्वर पुजारा केवल दो रन बनाकर पवेलियन लौट गये। हिमाचल की ओर से वैभव अरोड़ा (20 रन पर तीन विकेट) और पंकज जायसवाल (29 रन पर तीन विकेट) ने तीन-तीन विकेट चटकाए। 

दिन का खेल खत्म होने पर मांकड़ पांच जबकि धर्मेंद्र सिंह जडेजा एक रन बनाकर खेल रहे थे। सौराष्ट्र की टीम अब भी 27 रन से पीछे है जबकि उसके सिर्फ तीन विकेट शेष हैं।

चंडीगढ़ बनाम अरुणाचल प्रदेश: पहली बार रणजी ट्रॉफी में भाग ले रही चंडीगढ़ की टीम ने अर्सलान खान (नाबाद 119) और शिवम भांबरी (105) के शतकों से अपने घरेलू मैदान पर शानदार शुरुआत करके अरुणाचल प्रदेश पर पहले दिन ही शिकंजा कस दिया। चंडीगढ़ ने पहले दिन का खेल समाप्त होने तक एक विकेट पर 236 रन बनाये हैं। 

चंडीगढ़ ने इससे पहले श्रेष्ठ निर्मोही (26 पर पांच) की शानदार गेंदबाजी से अरुणाचल को पहली पारी में 147 रन पर समेट दिया था। इस तरह से चंडीगढ़ को अब 89 रन की बढ़त मिल चुकी है। 

पटना बनाम पुदुच्चेरी: उधर पटना में प्लेट ग्रुप के एक अन्य मैच में पुदुच्चेरी ने बायें हाथ के स्पिनर सागर उदेशी (50 रन देकर छह विकेट) की शानदार गेंदबाजी से बिहार को 173 रन पर समेट दिया। पुदुच्चेरी ने स्टंप उखड़ने तक अपनी पहली पारी में बिना किसी नुकसान 62 रन बनाये हैं। 

मणिपुर बनाम मिजोरम: कोलकाता में तेज गेंदबाज रेक्स सिंह (22 रन देकर आठ) ने फिर से प्रभावित किया जिससे मणिपुर ने मिजोरम को 65 रन पर ढेर कर दिया। मिजोरम ने पहले दिन का खेल समाप्त होने तक सात विकेट पर 255 रन बनाये हैं और उसे 190 रन की बढ़त मिल चुकी है। रेक्स ने बल्लेबाजी में भी कमाल दिखाया और वह 58 रन बनाकर खेल रहे हैं। 

मेघालय बनाम नागालैंड: सोविमा में मेघालय ने नागालैंड के खिलाफ उसके घरेलू मैदान पर खेलते हुए पहले दिन नौ विकेट पर 268 रन बनाये। मेघालय की पारी का आकर्षण कप्तान पुनीत बिष्ट की 125 रन की पारी रही। संजय यादव ने 61 रन बनाये। नगालैंड की तरफ से बायें हाथ के स्पिनर इमलीवती लेमतूर ने 48 रन देकर सात विकेट लिये हैं। पोरवोरिम में गोवा ने सिक्किम को 136 रन पर आउट करने के बाद तीन विकेट पर 124 रन बनाकर पहले दिन अपना पलड़ा भारी रखा।

राजस्थान बनाम पंजाब: महिपाल लोमरोर (60), अशोक मेनारिया (60) और सलमान खान (नाबाद 53) के अर्धशतकों की मदद से राजस्थान ने पंजाब के खिलाफ ग्रुप ए मैच में सोमवार को नौ विकेट पर 256 रन बनाये। 

पंजाब ने टॉस जीतकर राजस्थान को पहले बल्लेबाजी का न्योता दिया और फिर नियमित अंतराल में विकेट लिये। राजस्थान की तरफ से सबसे बड़ी साझेदारी मेनारिया और सलमान ने छठे विकेट के लिये 95 रन जोड़कर निभायी। पंजाब की तरफ से सिद्धार्थ कौल ने तीन जबकि बलतेज सिंह और सनवीर सिंह ने दो-दो विकेट लिये।

रेलवे बनाम उत्तर प्रदेश: अपना पहला प्रथम श्रेणी मैच खेल रहे दिनेश मोर (नाबाद 89) और नवनीत विर्क (58) के अर्धशतकों से रेलवे ने शुरुआती झटकों से उबरकर उत्तर प्रदेश के खिलाफ रणजी ट्राफी ग्रुप बी मैच के पहले दिन सोमवार को यहां आठ विकेट पर 244 रन बनाये। 

उत्तर प्रदेश ने टॉस जीतकर रेलवे को बल्लेबाजी सौंपी तथा फिर उसका स्कोर चार विकेट पर 87 रन कर दिया। मोर और विर्क ने यहीं से पांचवें विकेट के लिये 83 रन की साझेदारी की। इन दोनों के अलावा अरिंदम घोष (42) ही कुछ योगदान दे पाये। उत्तर प्रदेश की तरफ से यश दयाल ने तीन तथा शिवम मावी और अंकित राजपूत ने दो-दो विकेट लिये हैं। 

तमिलनाडु बनाम कर्नाटक: भारतीय टेस्ट टीम के सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल सोमवार को तमिलनाडु के खिलाफ ग्रुप बी के मैच में अच्छी शुरुआत को बड़ी पारी में नहीं बदल सके लेकिन देवदत्त पाडिक्कल (78) और पवन देशपांडे (65) की अर्धशतकों की मदद से कर्नाटक ने पहले दिन छह विकेट पर 259 रन बना लिये। 

टॉस जीत कर बल्लेबाजी के लिए उतरे कर्नाटक को पारी के चौथे ओवर में पहला झटका लगा जब कृष्णामूर्ति विगनेश (29 रन पर एक विकेट) ने सलामी बल्लेबाज देगा निश्चल (चार) को चलता किया। अग्रवाल और शानदार लय में चल रहे पाडिक्कल ने इसके बाद दूसरे विकेट के लिए 67 रन की साझेदारी की। अग्रवाल एक बार बड़े स्कोर की तरफ बढ़ रहे थे तभी मणिमारन सिद्धार्थ (33 रन पर दो विकेट) ने उन्हें पवेलियन की राह दिखा दी। कप्तान करुण नायर भी आठ रन बनाकर रन आउट हो गये। 

पाडिक्कल को इसके बाद देशपांडे के रूप में अच्छा साझेदार मिला और दोनों ने पांचवें विकेट के लिए 116 रन की साझेदारी कर स्कोर को 200 के पार पहुंचाया। कामचलाऊ गेंदबाज बाबा अपराजित (24 रन पर एक विकेट) ने अपने पहले शतक की तरफ बढ़ रहे पाडिक्कल को आउट किया। भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन (32 ओवर में 68 रन पर एक विकेट) को भी संघर्ष करना पड़ा जिन्हे एकमात्र सफलता देशपांडे के विकेट के रूप में मिली। स्टंप्स के समय श्रेयस गोपाल 35 और डीके माथियास (शून्य) क्रीज पर मौजूद थे।

ओड़िशा बनाम छत्तीसगढ़: तेज गेंदबाज राजेश मोहंती के करियर की सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी से ओड़िशा ने ग्रुप सी मैच के पहले दिन सोमवार को छत्तीसगढ़ को 134 रन पर ढेर कर दिया। ओड़िशा ने इसके जवाब में दिन का खेल खत्म होने तक तीन विकेट पर 48 रन बनाए।

ओड़िशा की ओर से अनुभवी विपलब सामंत्रेय चार रन बनाकर खेल रहे हैं जबकि गोविंद पोद्दार ने अभी खाता नहीं खोला है। ओड़िशा की टीम अब भी 86 रन से पीछे है जबकि उसके सात विकेट शेष हैं।

इससे पहले राजेश मोहंती (47 रन पर छह विकेट) और बसंत मोहंती (24 रन पर तीन विकेट) की तूफानी गेंदबाजी के सामने छत्तीसगढ़ का कोई बल्लेबाज टिककर नहीं खेल पाया। छत्तीसगढ़ की ओर से अजय मंडल ने सर्वाधिक 47 रन बनाए। उनके अलावा अमनदीप खरे (20) ही 20 रन के आंकड़े को छू पाए।

त्रिपुरा बनाम झारखंड: कप्तान मिलिंद कुमार (59) और नौवें नंबर पर बल्लेबाजी के लिए आये हरमीत सिंह (नाबाद 55) की अर्धशतकीय पारियों के दम पर त्रिपुरा ने ग्रुप सी के मैच में सोमवार को झारखंड के खिलाफ पहले दिन आठ विकेट पर 263 रन बनाये। 

अनुभवी शहबाज नदीम और इशान किशन के बिना खेल रही झारखंड के लिए टास जीत कर गेंदबाजी का फैसला सही साबित हुआ और टीम ने 50 रन से पहले त्रिपुरा के चार बल्लेबाजों को पवेलियन भेज दिया। मिलिंद और प्रत्युश सिंह (40) ने पांचवें विकेट के लिए 96 रन की साझेदारी कर टीम को संकट से उबारा। मिलिंद के आउट होते ही त्रिपुरा ने दो और विकेट गंवा दिये और स्कोर सात विकेट पर 150 रन हो गया। 

इसके बाद निचले क्रम के बल्लेबाजों ने झारखंड के गेंदबाजों को खूब छकाया और आल आउट होने से बचा लिया। स्टंप्स के समय हरमीत के साथ राणा दत्त (24) क्रीज पर मौजूद है। एमबी मुरासिंह ने भी 35 रन का योगदान दिया। झारखंड के लिए अजय यादव, अनुकूल राय और आशीष कुमार ने दो-दो विकेट लिये।

आंध्र प्रदेश बनाम विदर्भ: अनुभवी बल्लेबाज वसीम जाफर सोमवार को 150 रणजी मैच खेलने वाले पहले क्रिकेटर बन गये। पिछले दो वर्षों में विदर्भ को खिताब दिलाने में अहम भूमिका निभाने वाले 41 वर्षीय जाफर ने आंध्र प्रदेश के खिलाफ ग्रुप ए के मैच में यह उपलब्धि हासिल की।

पूर्व भारतीय सलामी बल्लेबाज जाफर प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 20,000 रन पूरे करने से केवल 853 रन पीछे है। सर्वाधिक रणजी ट्रॉफी मैच खेलने के मामले में जाफर के बाद मध्यप्रदेश के देवेंद्र बुंदेला का नंबर आता है जिन्होंने 145 मैच खेले हैं। अमोल मजूमदार 136 मैच खेलकर तीसरे स्थान पर हैं।

जाफर ने कुल 253 प्रथम श्रेणी मैच खेले हैं जिसमें उनके नाम पर 19,147 रन दर्ज है। उन्होंने 57 शतक और 88 अर्धशतक लगाये हैं। आंध्र के खिलाफ मैच में उन्हें पहले दिन बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला। आंध्र की टीम कप्तान हनुमा विहारी के 83 रन के बावजूद पहली पारी में 211 रन पर आउट हो गयी। विदर्भ ने इसके जवाब में स्टंप उखड़ने तक बिना किसी नुकसान के 26 रन बनाये हैं।

Web Title: On the first day Ranji Trophy 2019-20: know about score
क्रिकेट से जुड़ी हिंदी खबरों और देश दुनिया की ताज़ा खबरों के लिए यहाँ क्लिक करे. यूट्यूब चैनल यहाँ सब्सक्राइब करें और देखें हमारा एक्सक्लूसिव वीडियो कंटेंट. सोशल से जुड़ने के लिए हमारा Facebook Page लाइक करे