मुंबई: भारतीय बल्लेबाज और आईपीएल में चेन्नई सुपरकिंग्स (सीएसके) के लिए खेल रहे रोबिन उथप्पा ने कहा है कि उनके लिए अपने अच्छे दोस्त एमएस धोनी को 'माही भाई' कहना उस समय बहुत मुश्किल लगा था जब वे फ्रेंचाइजी से साल 2020 में जुड़े। धोनी सीएसके टीम में 'माही भाई' के नाम से ही पुकारे जाते हैं। खासकर सभी युवा खिलाड़ी उन्हें ऐसे ही संबोधित करते हैं।
बहरहाल, उथप्पा ने कहा कि वे इस विषय को लेकर धोनी के पास भी गए थे और उन्हें अपनी बात बताई थी। रॉबिन उथप्पा ने आर अश्विन से बात करते हुए भारतीय टीम के साथ अपने शुरुआती दिनों की यादें साझा कीं और बताया कि कैसे वह एमएस धोनी के अच्छे दोस्त बन गए। साल 2006 में भारत के लिए पदार्पण करने वाले उथप्पा ने कहा कि वह पहली बार 2004 में चैलेंजर ट्रॉफी में धोनी से मिले थे। उथप्पा ने कहा कि जब उनकी भारतीय टीम के साथ पारी शुरू हुई तो दोनों खिलाड़ी एक-दूसरे को अच्छी तरह से जानते थे।
उथप्पा और धोनी ने 2006 और 2012 के बीच भारत के लिए एक साथ 47 मैच खेले। इसके बाद 2020 में दोनों खिलाड़ी एक बार फिर साथ आए जब उथप्पा सीएसके से जुड़े।
उथप्पा के लिए धोनी को माही भाई कहना क्यों मुश्किल?
उथप्पा ने अश्विन के यूट्यूब शो पर कहा, 'आज, मेरे लिए उन्हें माही भाई कहना बहुत कठिन है। क्योंकि जब से मैं उन्हें जानता हूं वे तब माही थे। मैं उनके साथ 12 साल बाद खेला। 2008 के बाद जब मैं टीम से बाहर हुआ तो 12-13 साल बाद उसी टीम में उनके साथ खेल रहा हूं।'
उथप्पा ने बताया कि उन्होंने धोनी से भी पूछा कि वे उन्हें क्या कहकर बुलाए। बकौल उथप्पा, 'मैंने पूछा कि मुझे उन्हें क्या कहना चाहिए? मैं नहीं जानता। क्या मुझे तुम्हें माही भाई कहना चाहिए क्योंकि मेरे चारों ओर के लोग तुम्हें माही भाई कहकर संबोधित करते हैं।'
उथप्पा के अनुसार इस पर धोनी ने जवाब दिया, 'मुझे एमएस या माही या जो तुम्हें ठीक लगे वो कहकर बुला सकते हो। वह इतने सिंपल हैं। ये एक उदाहरण है कि वे कैसे इंसान हैं।'